Principle of resgestae
Creation and presentation by Adv.pankaj joshi Cerulean sea of law Law by mind feeding method जहां सफलता एक गुरूर है जहां सफलता एक दस्तुर है धारा 4, भारतीय साक्ष्य अधिनियम (BSA) — Res Gestae का सिद्धांत Res Gestae धारा 4 BSA (भारतीय साक्ष्य अधिनियम, 2023) में Res Gestae का सिद्धांत वर्णित है। इसका अर्थ है — “घटना के साथ इतनी निकटता से जुड़े हुए तथ्य, जो उसी लेन-देन (same transaction) का भाग हों, वे भी प्रासंगिक (relevant) होते हैं।” यह सिद्धांत लैटिन शब्द Res Gestae से लिया गया है, जिसका अर्थ है — “Things done” अर्थात् घटना के दौरान हुई बातें और कार्य। कानूनी सिद्धांत (Legal Principle) यदि कोई कथन, कार्य, संकेत, चीख, प्रतिक्रिया आदि मुख्य घटना के साथ इतने निकट समय, स्थान और परिस्थिति में जुड़ा हो कि उसे अलग नहीं किया जा सके, तो वह साक्ष्य के रूप में स्वीकार्य होगा, भले ही वह सामान्य hearsay rule के अंतर्गत आता हो। मुख्य तत्व (Ingredients) घटना और कथन में निकट संबंध होना चाहिए। कथन स्वतःस्फूर्त (spontaneous) होना चाहिए। कथन उसी transaction का भाग होना चाहि...